पहला पन्ना

रसोई गैस को लेकर कोई अफवाह अथवा असमंजस में न रहें: मुंगेर डीएम

गलत तरीके से भंडारण की कोशिश करने वालों केविरुद्ध होगी कड़ी कारवाई

लालमोहन महाराज,मुंगेर

आमजन में रसोई गैस की आपूर्ति एवं उसके गलत भंडारण को लेकर उत्पन्न अफवाहों के मद्दे नजर बुधवार को जिलाधिकारी निखिल धनराज निप्पाणीकर की अध्यक्षता में सदर अनुमंडल अंतर्गत आने वाले सभी एजेंसी संचालक के साथ बैठक हुई। बैठक में जिले में गैस को लेकर उत्पन्न अफवाहों तथा आमजन में असमंजस की स्थिति कों दूर करने पर विस्तृत चर्चा हुई। मौके पर सदर अनुमंडल पदाधिकारी कुमार अभिषेक सहित सभी 11 एजेंसी के संचालक उपस्थित थे।
जिलाधिकारी ने कहा कि विगत कुछ दिनों से जिले में रसोई गैस को लेकर आमजन में कई तरह कई अफवाहें तथा भ्रान्तियाँ उत्पन्न हुई, जिस कारण आमजन गैस के अतिरिक्त भंडारण तथा कुछ एजेंसी द्वारा निर्धारित शुल्क एक हजार दो रुपए से ज्यादा राशि वसूले जाने कई शिकायत प्राप्त हो रहीं है। इस परिस्थिति में आप सभी एजेंसी संचालक सर्वप्रथम गोदाम से गैस डिलीवरी पर रोक लगाएं तथा उसके बदले घर घर वितरण प्रणाली को लगातार जारी रखें। इसके अलावे अपने कार्यालय में माइकिंग सिस्टम से भी लोगों को जागरूक करें के गैस की कहीं कोई कमी नहीं है, आप सभी धैर्य रखें, आप सबों को समुचित गैस उपलब्ध कराया जाएगा। उन्होंने सदर अनुमंडल पदाधिकारी को सभी गैस एजेंसी के दुकानों अथवा गोदामों पर पुलिस बल की प्रतिनियुक्ति अथवा गश्ती के निदेश दिए हैं, ताकि यदि कोई उपभोक्ता अथवा आमजन गैस के गलत तरीके से भंडारण की कोशिश करें तो उनके खिलाफ दंडात्मक कार्रवाई करें।
जिलाधिकारी ने आमजन से अपील करते हुए कहा है कि आप सभी रसोई गैस को लेकर किसी भी प्रकार कि दुविधा अथवा असमंजस न पालें। जिले में गैस की कोई कमी नहीं है और न ही किसी तरह के कालाबाजारी की स्थिति आई है। आप सभी को जिस तरह से पूर्व में विभिन्न एजेंसी द्वारा घर घर वितरण प्रणाली के माध्यम से गैस उपलब्ध कराया जाता था, वैसे हीं अभी भी नियमित रूप से गैस उपलब्ध कराया जाएगा। आप सभी गैस को लेकर कोई अफवाह अथवा असमंजस में न रहें। जिला प्रशासन आपके साथ है, अपना सहयोग बनाएं रखें।

editor

सदियों से इंसान बेहतरी की तलाश में आगे बढ़ता जा रहा है, तमाम तंत्रों का निर्माण इस बेहतरी के लिए किया गया है। लेकिन कभी-कभी इंसान के हाथों में केंद्रित तंत्र या तो साध्य बन जाता है या व्यक्तिगत मनोइच्छा की पूर्ति का साधन। आकाशीय लोक और इसके इर्द गिर्द बुनी गई अवधाराणाओं का क्रमश: विकास का उदेश्य इंसान के कारवां को आगे बढ़ाना है। हम ज्ञान और विज्ञान की सभी शाखाओं का इस्तेमाल करते हुये उन कांटों को देखने और चुनने का प्रयास करने जा रहे हैं, जो किसी न किसी रूप में इंसानियत के पग में चुभती रही है...यकीनन कुछ कांटे तो हम निकाल ही लेंगे।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button